Electric Scooter Subsidy :- आज के समय में पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों ने आम लोगों की जेब पर बड़ा असर डालना शुरू कर दिया है। रोज ऑफिस जाना हो, बच्चों को स्कूल छोड़ना हो या छोटे-छोटे घरेलू काम निपटाने हों, हर दिन वाहन चलाना पहले से कहीं ज्यादा महंगा हो चुका है। ऐसे में अब लोगों की नजर तेजी से इलेक्ट्रिक स्कूटर और बाइक की तरफ बढ़ रही है। इसी बदलते माहौल के बीच केंद्र सरकार भी देश में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए बड़ा कदम उठाने की तैयारी में दिखाई दे रही है।
सिर्फ ₹44,990 में 100KM रेंज वाला इलेक्ट्रिक स्कूटर बना मिडिल क्लासकी की पहली पसंद !
रिपोर्ट्स के अनुसार केंद्र सरकार PM ई-ड्राइव स्कीम के तहत इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर पर मिलने वाली सब्सिडी को और बढ़ा सकती है। भारी उद्योग मंत्रालय इस योजना के लिए अतिरिक्त फंड की मांग करने की तैयारी में है ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग पेट्रोल वाहनों से हटकर EV टू-व्हीलर अपनाएं। सरकार पहले ही FY2026 तक इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर सब्सिडी के लिए लगभग ₹10,900 करोड़ का बजट तय कर चुकी है। ऑटो इंडस्ट्री की मांग को देखते हुए इस स्कीम को जुलाई तक आगे बढ़ाया गया था। अब माना जा रहा है कि आने वाले समय में इस योजना को और मजबूत किया जा सकता है, जिससे इलेक्ट्रिक स्कूटर खरीदना पहले से ज्यादा आसान और सस्ता हो सकता है।
पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों ने बढ़ाई चिंता
पश्चिम एशिया में जारी तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव ने भारत की चिंता बढ़ा दी है। भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा विदेशों से तेल आयात करके पूरा करता है। ऐसे में अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल महंगा होते ही देश में पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ने लगते हैं। सरकार अब चाहती है कि लोग धीरे-धीरे इलेक्ट्रिक वाहनों की तरफ शिफ्ट हों ताकि तेल आयात पर निर्भरता कम हो सके। यही वजह है कि इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को तेजी से बढ़ावा दिया जा रहा है।
लोग तेजी से अपना रहे हैं इलेक्ट्रिक स्कूटर
हाल के आंकड़े बताते हैं कि मई के पहले आधे हिस्से में इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर रजिस्ट्रेशन में 13.5% की बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि कुल टू-व्हीलर बिक्री में 5.5% की गिरावट देखने को मिली। यह साफ संकेत है कि अब लोग पेट्रोल स्कूटर की जगह इलेक्ट्रिक स्कूटर को बेहतर विकल्प मानने लगे हैं। Ather Energy के चीफ बिजनेस ऑफिसर रवनीत सिंह फोकेला ने भी कहा कि पहले हर घर में पेट्रोल वाहन जरूरी माना जाता था, लेकिन अब हर परिवार कम से कम एक EV रखना चाहता है।
कम खर्च में ज्यादा फायदा दे रहे हैं EV स्कूटर
विशेषज्ञों का मानना है कि इलेक्ट्रिक स्कूटर अब घर की दूसरी गाड़ी के रूप में तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं। ऑफिस आना-जाना, बाजार जाना या बच्चों को स्कूल छोड़ना जैसे रोजमर्रा के कामों के लिए लोग EV को सुविधाजनक और किफायती विकल्प मान रहे हैं। सबसे बड़ी वजह इसकी कम रनिंग कॉस्ट है। जहां पेट्रोल स्कूटर चलाने में प्रति किलोमीटर कई रुपये खर्च हो जाते हैं, वहीं इलेक्ट्रिक स्कूटर की लागत लगभग 30 से 50 पैसे प्रति किलोमीटर तक रह जाती है। इसके अलावा रात में घर पर आसानी से चार्जिंग कर लेना और पेट्रोल पंप की लाइन से बचना भी लोगों को काफी पसंद आ रहा है।
इन कंपनियों को मिल सकता है बड़ा फायदा
अगर सरकार सब्सिडी को और बढ़ाती है तो देश की कई बड़ी EV कंपनियों को इसका सीधा फायदा मिल सकता है। इसमें Ola Electric, Ather Energy, TVS iQube और Bajaj Chetak जैसे लोकप्रिय ब्रांड शामिल हैं। इसके साथ ही चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर, बैटरी टेक्नोलॉजी और EV सर्विस नेटवर्क में भी तेजी से सुधार देखने को मिल सकता है। भारत की EV क्रांति अब अगले बड़े चरण में पहुंचती नजर आ रही है, जहां सरकार, कंपनियां और ग्राहक मिलकर क्लीन और सस्ती मोबिलिटी को नई रफ्तार देने की तैयारी में हैं।
Electric Scooter खरीदने से पहले जानिए ये 5 बातें, वरना बाद में होगा पछतावा !
Disclaimer :- यह लेख विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स और उपलब्ध जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। सरकार की योजनाओं, सब्सिडी और नीतियों में समय-समय पर बदलाव संभव है। किसी भी खरीदारी या निवेश से पहले आधिकारिक जानकारी जरूर जांच लें।
